भागलपुर दंगा केस में केन्द्रीय मंत्री अश्विनी चौबे के पुत्र समेत 9 के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी

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भागलपुर के नाथनगर में शोभायात्रा के दौरान हुए उपद्रव के मामले में केंद्रीय राज्य मंत्री अश्विनी चौबे के पुत्र अर्जित शाश्वत चौबे की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं. इस मामले में नामजद किये गये अर्जित समेत 9 लोगों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है.

नाथनगर इंस्पेक्टर के आवेदन पर एसीजेएम कोर्ट ने ये वारंट जारी किया है. ​इससे पहले केन्द्रीय मंत्री अश्वनी चौबे के पुत्र अर्जित शाश्वत अपने उपर लगे आरोपों की सफाई दी थी. अर्जित शाश्वत ने कहा था कि पुलिस ने अपनी विफलता छिपाने के लिए मेरे उपर एफआईआर किया है. यह वारंट अश्विनी चौबे के बेटे समेत 9 लोगों के खिलाफ जारी किया गया है.इस खबर के बाद से बिहार की सियासी गलियारे में हलचल तेज हो गई है. हिंदू-मुस्लिम में फसाद कराने की ढिबरी नीतीश कुमार के तेवर को देख सहम गई है.

बता दें कि बीते 17 मार्च को भागलपुर के नाथनगर में साम्प्रदायिक सौहार्द बिगड़ गया था. इसके बाद नाथनगर थाना में दरोगा हरिकिशोर चौधरी के बयान पर प्राथमिकी संख्या 176/018 दर्ज की गई. जिसमें अर्जित शाश्वत चौबे, अभय कुमार घोष उर्फ सोनू घोष, प्रमोद कुमार वर्मा उर्फ पम्मी, देव कुमार पांडे, निरंजन सिंह, संजय भट्ट, सुरेंद्र पाठक, अनुपलाल साह उर्फ प्रणव दास को नामजद अभियुक्त बनाया गया है. इनपर आरोप लगाया गया कि 17 मार्च को इनके द्वारा जुलूस में हथियार के द्वारा प्रदर्शन किया गया.

साथ ही आपत्तिजनक गीत बजाया गया. जिसके कारण वहां का आपसी सौहार्द बिगड़ गया. इससे पूर्व अदालत के द्वारा विभिन्न कारणों से गिरफ्तारी वारंट की अर्जी को दो बार वापस कर दिया गया था. तीसरी बार नाथनगर इंस्पेक्टर मोहम्मद जनीफुद्दीन केस डायरी व सभी कागजों के साथ वारंट की अर्जी लेकर एसीजे सह प्रभारी सीजेएम की अदालत पहुंचे. जहां उन्होंने इस दफा अर्जी स्वीकार करते हुए गिरफ्तारी वारंट जारी करने का आदेश दे दिया.

वहीं इंस्पेक्टर ने अर्जी में कहा कि सभी आरोपी नाथनगर थाना क्षेत्र के बाहर के हैं. गिरफ्तारी के डर से सभी आरोपी फरार हैं. साथ ही उन नामजद आरोपियों के द्वारा कानून व्यवस्था में व्यवधान पैदा किया जा रहा है. आपको बता दूं कि अर्जित चौबे ने भाजपा के टिकट पर इस बार भागलपुर विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ा था.

इस घटना के बाद से ही अर्जित चौबे मीडिया में आकर प्रशासन को चुनौती देते आ रहे हैं कि मैं घर पर रहता हूं. पुलिस गिरफ्तार कर सकती है तो गिरफ्तार करे.साथ ही आपको ये बता दूं कि जब अर्जित पर प्राथमिकी दर्ज हुई तो अश्विनी चौबे ने भी अपने बेटे के पक्ष में बयान दिया था. उन्होंने यहां तक कहा था कि अगर हिंदुस्तान में श्री राम बोलना अपराध है तो महात्मा गांधी भी अपराधी कहलायेंगे.

 

 

 

An arrest warrant has been issued against 9 people, including ajit saraswat son of Union Minister Ashwini Chaubey. In the case of festivities during the Shobhayatra of Bhagalpur the problems are increasing.

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