हॉलमार्क आभूषण खरीदने के ये हैं बड़े फायदे

0
141

सोने के आभूषण खरीदने में ठगी पर अंकुश लगाने के लिए सरकार ने नया बीआईएस कानून लागू किया है। इसके तहत सभी स्वर्ण आभूषणों पर हालमार्किग अनिवार्य किया गया है। इन नियमों का पालन नहीं ज्वलेर के खिलाफ सख्त कार्रवाई का प्रावधान किया गया है। हालांकि अब भी कुछ ज्वेलर बिना हालमार्क के आभूषण बेच रहे हैं। ऐसे में ठगी से बचने के लिए सिर्फ हालमार्क आभूषण ही खरीदें और ज्वेलर को कैरेट के आधार पर ही भुगतान करें

धोखाधड़ी पर अंकुश

ग्राहकों के साथ इस ठगी पर अंकुश लगाने के लिए सरकार 12 अक्टूबर से भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) का नया कानून लागू कर दिया है। इससे अब सोने के आभूषण पर हालमार्किग अनिवार्य हो गया है। ज्वेलरों को स्पष्ट रूप से बताना होगा कि ग्राहक जो आभूषण खरीद रहा है वह कितने कैरेट का है। सोने की शुद्धता के आधार पर ही कीमत वसूली जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने पर दंड और जेल की सजा तक का प्रावधान किया गया है। ऐसे में आप भी सोना या आभूषण खरीदें तो उस पर हालमार्किग का निशान जरूर देखें। इस दौरान विक्रेता से यह जरूर पूछें कि यह आभूषण कितने कैरेट का है। इसी आधार पर भुगतान करें। भविष्य में किसी झंझट से बचने के लिए आभूषण का पक्का बिल जरूर लें।

क्या हैं फायदे

हालांकि नए कानून में सोने के आभूषणों हालमार्किंग लगाना अनिवार्य सुनिश्चित किया गया है लेकिन हमारे यहां कुछ ज्वेलर अभ भी बिना हालमार्क के आभूषण बेच रहे हैं। तमाम तरह के बहाने बनाकर वह ग्राहकों को झांसे में लेकर मोटी कमाई कर रहे हैं। इससे सिर्फ ग्राहकों को नुकसान हो रहा है। अपनी मेहतन की कमाई से शुद्ध सोना खरीदने के लिए सिर्फ हालमार्क आभूषण ही खरीदें। सोने के आभूषणों के लिए यह हालमार्क सरकारी संस्था भारतीय मानक ब्यूरो द्वारा प्रदान किया जाता है। यह हालमार्क इस बात की गारंटी देता है कि आपने जो आभूषण खरीदे हैं उनमें अंतरराष्ट्रीय मानकों के आधार पर कितने फीसद शुद्ध सोना है। अगर कोई ज्वेलर हालमार्क आभूषण बेचता है तो उसे आप शुद्ध सोना समझकर खरीद सकते हैं। यदि आभूषणों पर हालमार्क नहीं है उसकी शुद्धता की कोई गारंटी नहीं है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here